ख्यालात .
कुछ शेर ख्यालों में अटके रहते हैं . कुछ ख्याल दिमाग में बैठ जाते हैं.
Sunday, 1 December 2013
बयान : फराज़
ये क्या कि सबसे बयान दिल कि हालतें करनी
फराज़ तुझको न आयी मोहब्बतें करनी।
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